गला खराब होने और बैठने पर 10 आसान उपाय और घरेलू नुस्खे

गला खराब होने और बैठने पर इलाज उपाय और घरेलू नुस्खे इन हिंदी: ठंड के मौसम में गले में इन्फेक्शन होना, बुखार आना, गले में खराश और खिचखिच रहना आम है पर सर्दी के इलावा भी कई बार गले में दर्द, खांसी, छाले और सूजन की समस्या होने लगती है जिस कारण आवाज बैठ जाना व कुछ खाने और थूक निगलने में भी परेशानी होने लगती है। कुछ लोग गला खराब के ट्रीटमेंट के लिए दवा (मेडिसिन) का सहारा लेते है पर हम घरेलू उपाय और देसी आयुर्वेदिक उपचार कर के भी गला बैठने और गले की खराबी का इलाज कर सकते है। आज इस लेख में हम जानेंगे गला खराब होने पर क्या करे, gala kharab hone par desi ilaj upay aur gharelu nuskhe in hindi.

गला खराब होने पर उपाय और नुस्खे, Gala kharab ka ilaj in hindi

 

गला खराब होने के कारण

  • सर्दी जुकाम होना ठंड लगना और टॉसिल्स होना गले के रोग होने का एक बड़ा कारण होता है।
  • ज्यादा खट्टा, तला और तेल मसालेदार खाना खाना गले की खराबी का एक कारण है।
  • गुस्से आने पर ज्यादा जोर से चिलाने पर अक्सर गला बैठने लगता है।
  • गले में खराश, छाले, खांसी, सूजन, और गला कैंसर के रोग से आवाज बैठ जाने की समस्या आने लगती है।
  • तेज आवाज में गाना गाने या फिर कुछ पढ़ने से भी गला बैठ जाता है।
  • गले में बलगम (कफ) जम जाने से भी गला बैठने लगता है जिससे बोलने में परेशानी होने लगती है।

 

गला खराब होने पर उपाय और इलाज

Gala Kharab Hone Par Gharelu Upay in Hindi

 

1. गले में इन्फेक्शन दूर करने के लिए तुलसी के पत्ते काफी उपयोगी है। तुलसी के कुछ पत्ते पानी में उबाले और थोड़ा ठंडा होने पर इस पानी से गले के गरारे करे। इस उपाय को दिन में 2 से 3 बार करने पर throat infection ठीक होने लगेगा और आवाज साफ होगी।

2. मुलेठी का छोटा सा टुकड़ा मुंह में रख कर चबाये और इसके रस का सेवन करे। इससे गला साफ होता है, गले का दर्द और सूजन में भी आराम मिलने लगता है।

3. अगर कुछ भी खाने में तकलीफ हो रही है और पानी व थूक निगलने में दर्द हो रहा है तो 1 गिलास देसी गाय के दूध में एक चौथाई चम्मच हल्दी और 1 चम्मच देसी घी मिला कर उबाले फिर इसे चाय की तरह पिए।

4. गला बैठने पर नमक के पानी से गरारे करना अच्छा इलाज है। पानी में थोड़ा सा नमक मिला कर इसे गुनगुना कर के गरारे करे।

5. एक गिलास पानी उबाल कर एक चुटकी काली मिर्च, 1 चम्मच शहद और थोड़ी पीसी हुई लौंग इसमें मिला कर पिए, इस होम रेमेडी से गले को आराम मिलता है।

6. गले में खराश और सुखी खांसी का उपचार करने के लिए थोड़ी सी पीसी हुई अदरक में घी और थोड़ा गुड मिला कर खाएं। इस देसी दवा में शहद का भी प्रयोग कर सकते है।

7. मेथी के दानों को पानी में उबाल कर पानी छान ले फिर इससे गरारे करे। इस घरेलू नुस्खे से गले का इन्फेक्शन खत्म होता है और गले की तकलीफ से छुटकारा मिलता है।

8. गला खराब होने के लक्षण दिखने पर पानी में चाय पत्ती, तेजपत्ता और थोड़ी चीनी डाल कर उबाल कर छान ले फिर इसे पिए। आप चाहे तो इसमें दूध भी मिला सकते है। तेजपत्ते की चाय के सेवन से गला जल्दी ठीक होता है।

9. कफ और सर्दी से परेशान है तो प्याज का रस निकाल कर इसका सेवन करे। चाहे तो इसमें शहद या थोड़ा गुड़ मिला ले।

10. गले के रोग का इलाज करने के लिए गुनगुने पानी में थोड़ा सिरका मिला कर इससे गरारे करने पर भी फायदा मिलता है।

 

गला बैठने का इलाज कैसे करे – Gala Baith Jane Ka ilaj in Hindi

  • बलगम के कारण अगर गला बैठ जाए तो हरी चाय, दालचीनी, सौंठ और पुदीना का काढ़ा बना कर पिए। इससे गले मे जमा कफ बाहर निकलने लगती है और गला साफ होने लगता है।
  • गला बैठ गया है तो 1 चम्मच शहद 1 गिलास गुनगुने पानी में डाल कर इससे गरारे करे। गले से आवाज ना निकलना जैसी स्थिति में इस नुस्खे को करने पर आवाज खुल जाती है और गला साफ होता है।
  • आवाज बैठ जाने का इलाज के लिए गरम पानी में थोड़ा सा लहसुन का रस मिलाये और गरारे करे। इस उपाय से गला साफ होगा और आवाज का बैठना ठीक होने लगेगा।
  • मिश्री और काली मिर्च मुंह में रख कर चबाये और इसका रस चूसे, इससे आपका बैठा हुआ गला खुल जायेगा।
  • बोलने में तकलीफ हो रही हो तो तुलसी की 10 से 12 पत्तियां चबा चबा कर खाएं। थोड़ी देर में ही आवाज खुलने लगेगी।
  • गला बैठ जाने पर क्या ट्रीटमेंट करे, ऐसे में गरम पानी में थोड़ा नमक मिला कर गरारे करना ही सबसे अच्छा और आसान उपाय है।

 

दोस्तों गला खराब होने पर उपाय और इलाज, Gala kharab hone ke gharelu upay aur nuskhe in hindi का ये लेख कैसा लगा हमें बताये और अगर आपके पास गला बैठने और आवाज बैठ जाने का उपचार की दवा और देसी घरेलू नुस्खे से जुड़े सुझाव है तो हमारे साथ साँझा करे।

You may also like...

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!